उत्तराखंड डेली न्यूज: ब्योरो
मान्यताओं के अनुसार, होलिका दहन की अग्नि में पानी वाला नारियल, सूखे/मुरझाए फूल, टूटे चावल, तुलसी पत्ता, पुरानी झाडू, कांच की वस्तुएं, गंदे कपड़े, चोरी के सामान और पीपल, बरगद, आम व शमी जैसे वृक्षों की लकड़ी नहीं डालनी चाहिए। अग्नि में घी, गाय के गोबर के उपले, पान पत्ता, सूखा नारियल, गुलाल, काला तिल, कपूर आदि चीजें अर्पित करें।
