उत्तराखंड डेली न्यूज़: ब्योरो

एक कार्यक्रम में उनसे पूछा गया कि भाजपा में आखिर चल क्या रहा है? इतने समय से राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनने की कोशिश की जा रही है, लेकिन नहीं चुन पा रही है? क्या आरएसएस से संबंध ठीक नहीं हैं? आखिर दिक्कत कहां हैं?भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव को बार-बार टाला जा रहा है। इस बात की चर्चा है कि भगवा पार्टी के इस सर्वोच्च पद के लिए किसी एक नाम पर भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के बीच सहमती नहीं बन पा रही है। कहा जा रहा है कि आरएसएस और भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के बीच सामंजस्य नहीं बन पा रही है। यही कारण है कि जेपी नड्डा का कार्यकाल इतना लंबा खिंचता जा रहा है। इस मुद्दे पर पार्टी के पूर्व अध्यक्ष और मोदी सरकार में कद्दावर मंत्री नितिन गडकरी से भी सवाल किया गया। उन्होंने इसका मजेदार जवाब दिया।एबीपी न्यूज के एक कार्यक्रम में उनसे पूछा गया कि भाजपा में आखिर चल क्या रहा है? इतने समय से राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनने की कोशिश की जा रही है, लेकिन नहीं चुन पा रही है? क्या आरएसएस से संबंध ठीक नहीं हैं? आखिर दिक्कत कहां हैं?अपनी हाजिर जवाबी के लिए मशहूर नितिन गडकरी ने मुस्कुराते हुए कहा, आपका सवाल तो सही है, लेकिन आपने गलत आदमी से पूछ लिया है। उन्होंने आगे कहा कि कभी आप भाजपा के वर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से इसके बारे में पूछिए। इसका जवाब देने के लिए वही सही व्यक्ति हैं। हालांकि, हाल के दिनों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा कई मौकों पर आरएसएस और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की प्रशंसा की गई है। उन्होंने 15 अगस्त को लाल किले के प्राचीर से आरएसएस को दुनिया का सबसे बड़ा एनजीओ करार दिया। वहीं, उन्होंने मोहन भागवत के 75वें जन्मदिन पर विभिन्न अखबारों में संपादकीय लिखकर उनकी खूब सरहना की है। वहीं, अमित शाह ने भी हाल ही में कहा था कि आरएसएस का स्वयंसेवक होना कभी निगेटिव पॉइंट नहीं हो सकता है। आपको बता दें कि जेपी नड्डा 2020 से लगातार भाजपा अध्यक्ष हैं। उनके कार्यकाल को अगले अध्यक्ष चुने जाने तक के लिए बढ़ाया गया था। वहीं, जेपी नड्डा से पहले अमित शाह लगातार दो कार्यकाल के लिए भाजपा अध्यक्ष रहे। वह 2014-17 और 2017-20 तक के लिए भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बने थे। नितिन गडकरी की बात करें तो वह 2010-13 से राष्ट्रीय अध्यक्ष की कुर्सी पर रहे थे।
