उत्तराखंड डेली न्यूज: ब्योरो

देहरादून डीएम सविन बंसल ने जर्जर स्कूलों की रिपोर्ट में देरी पर कड़ा रुख अपनाते हुए मुख्य और जिला शिक्षा अधिकारी की सरकारी गाड़ियां जब्त कर ली हैं, जिसके बाद विभाग ने 100 स्कूलों की रिपोर्ट सौंपी है।डीएम का आदेश समय पर पूरा न करना मुख्य शिक्षा अधिकारी और जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक को महंगा पड़ गया। मांगी गई रिपोर्ट समय पर न देने से नाराज जिलाधिकारी सविन बंसल ने इन दोनों अफसरों की सरकारी गाड़ियां जब्त कर लीं हैं। अब ये अफसर सरकारी बैठकों और निरीक्षणों में टैक्सी से या कर्मचारियों से लिफ्ट मांगकर जा रहे हैं। डीएम का ये आदेश शिक्षा विभाग में चर्चा का विषय बना हुआ है।जर्जर स्कूलों की रिपोर्ट मांगी थी,दरअसल बरसात से पहले जिले के जर्जर या ध्वस्त किए गए स्कूलों में मरम्मत और निर्माण काम होने हैं। इसे लेकर करीब दस दिन पहले डीएम सविन बंसल ने जिले के जर्जर स्कूलों की सूची और उनके लिए खर्च होने वाले बजट का एस्टीमेट शिक्षा विभाग से मांगा, लेकिन मुख्य शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार ढौंडियाल और जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक प्रेमलाल भारती काफी दिन तक इसका पूरा विवरण नहीं दे पाए। इस पर नाराज डीएम ने दोनों अफसरों को दिए गए सरकारी वाहन जब्त कर लिए।मुख्य शिक्षाअधिकारी विनोद कुमार ढौंडियाल ने बताया कि गाड़ी किस वजह से जब्त की गई इसका कारण नहीं पता। एक रिपोर्ट जिलाधिकारी ने मांगी थी। एडीएम को वह समय पर दे दी गई थी।वीआईपी प्रोटोकॉल में लगाई गई गाड़ी,सूत्रों ने बताया कि जो दोनों गाड़ियां जिलाधिकारी की ओर से जब्त की गई थी, वह वीआईपी प्रोटोकॉल में लगाई गई हैं। इसे लेकर यह भी कहा जा रहा है कि प्रोटोकॉल में गाड़ियों की कमी को देखते हुए दोनों शिक्षा अधिकारियों की गाड़ी जब्त की गई हैं।जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक प्रेमलाल भारती का कहना है कि सूचना में देरी के चलते वाहन जब्त किए गए हैं। लेकिन जो रिपोर्ट जिलाधिकारी ने चाही थी वो तैयार हो गई है। उसमें करीब सौ स्कूल जर्जर या ध्वस्त पाए गए। जो दूसरी बिल्डिंगों में चल रहे हैं।डीएम की सख्ती, पहले भी जब्त हो चुके अफसरों के वाहन,डीएम सविन बंसल ने दून में जिलाधिकारी का चार्ज लेने के बाद लापरवाही बरतने वाले अफसरों पर सख्त रुख दिखाया है। डीएम ने जनता के कार्यों व शिकायतों के मामलों में लापरवाही मिलने पर अफसरों के सरकारी वाहनों को जब्त तक कर दिया था। डीएम ने क्लेमनटाउन कैंट बोर्ड के सीईओ का वाहन जब्त कर लिया था। वहीं वन निगम के अधिकारियों द्वारा 8 महीने से पेड़ कटाई की अनुमति फाइल दबाने पर वन निगम के अधिकारियों, डीएलएम और आरएम को फटकार लगाई थी और उनके वाहनों को जब्त करने का आदेश दिया था। अब शिक्षा विभाग के अधिकारियों के वाहन जब्त कर सख्त संदेश दिया है।गाड़ी छिनते ही तैयार हो गई सौ स्कूलों की रिपोर्ट,जिले में करीब 1200 सरकारी स्कूल हैं। जिनमें से करीब सौ स्कूल ऐसे पाए गए हैं जो कि आंशिक या पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त हैं। आपदा के मद्देनजर प्रशासन की ओर से ऐसे स्कूलों को लेकर रिपोर्ट तैयार की जा रही है। प्रशासन ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी थी। इन स्कूलों की मरम्मत और पुनर्निर्माण में लगने वाले बजट का भी अब विभाग ने एस्टीमेट तैयार कर लिया है। लेकिन ये रिपोर्ट दोनों अफसरों के वाहन छिनने के बाद तैयार हो पाई। अगर समय पर तैयार हो जाती तो अफसरों को पैदल नहीं होना पड़ता।
