उत्तराखंड डेली न्यूज़: ब्योरो
देहरादून, उत्तराखण्ड़ क्रान्ति दल (सैनिक प्रकोष्ठ) द्वारा अग्निवीर योजना, राष्ट्रीय सुरक्षा, युवाओं के भविष्य तथा उत्तराखण्ड़ सरकार की भावी कार्ययोजना से जुड़े महत्वपूर्ण एवं संवेदनशील विषयों को लेकर दून के प्रेस क्लब प्रेस वार्ता की गई। पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए अध्यक्ष सूबेदार मेजर महिपाल सिंह पुण्डीर, महामंत्री आडीनरी कैप्टेन चन्द्र मोहन गडिया ने कहा
कि उत्तराखण्ड क्रान्ति दल (सैनिक प्रकोष्ठ) का मानना है कि उत्तराखण्ड सैनिक बाहुल्य प्रदेश है और यहां की अनेक पीढ़ियों ने भारतीय सेना में अपनी सेवाएं देकर राष्ट्र की सुरक्षा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। ऐसे में अग्निवीर योजना का देश की सैन्य व्यवस्था, राष्ट्रीय सुरक्षा, युवाओं के रोजगार एवं भविष्य तथा सैनिक परम्परा वाले उत्तराखण्ड़ पर पड़ने वाले प्रभाव पर गंभीर एवं व्यापक चर्चा अति आवश्यक है ।उत्तराखण्ड क्रान्ति दल ( सैनिक प्रकोष्ठ ) द्वारा यह स्पष्ट किया गया कि अग्निवीर योजना को लेकर दल का दृष्टिकोण क्या है राष्ट्रीय सुरक्षा के संदर्भ में इसकी क्या चुनौतियां है। चार वर्ष की सेवा के बाद युवाओं के भविष्य को लेकर क्या ठोस व्यवस्था होनी चाहिए तथा उत्तराखण्ड सरकार को प्रदेश के अग्निवीरों एवं पूर्व सैनिकों के हित में कौन-कौन से प्रभावी कदम उठाने चाहिए। जहाँ उत्तराखण्ड में सरकारी सेवाओं के पूर्व सैनिकों को पुर्नरोजगार 5 प्रतिशत की नियुक्तियां आज तक पूरी नहीं हो पाई हों तो अग्निवीर को 10 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था केवल सपना है। वर्तमान में जिस प्रकार से अग्निवीर को पुर्नरोजगार के लिए जो बात कही गई है वह एक नवयुवक को रोजगार की बजाय गलत पथ पर भटकने के लिए मजबूर कर रहा है। जिससे अग्निवीर को जीवन के अग्निपथ पर धकेला जा रहा है।दल का स्पष्ट मत है कि उत्तराखण्ड के युवाओं को केवल आश्वासनों के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता। प्रदेश सरकार को अग्निवीरों के भविष्य के लिए रोजगार, स्वरोजगार, पुलिस एवं अर्द्धसैनिक सेवाओं में अवसर, तकनीकी प्रशिक्षण तथा अन्य सरकारी सेवाओं में प्राथमिकता जैसी ठोस नीतियां तैयार करनी चाहिए। उत्तराखण्ड क्रान्ति दल इस विषय को प्रदेश के युवाओं और सैनिक समाज के हितों से जोड़कर मजबूती से उठाएगा।
पत्रकारों से रूबरू होते हुए अध्यक्ष सूबेदार मेजर महिपाल सिंह पुण्डीर ने कहा कि यह प्रेस वार्ता केवल एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि उत्तराखण्ड के युवाओं, सैनिक समाज और प्रदेश के भविष्य से जुड़े गंम्भीर प्रश्नों पर जनमत तैयार करने का महत्वपूर्ण प्रयास है। पूर्व सैनिक समाज की एकजुट उपस्थिति इस बात का संदेश दे रही है कि उत्तराखण्ड अपने युवाओं के भविष्य, राष्ट्रीय सुरक्षा और सैनिक सम्मान के प्रश्न पर किसी भी प्रकार की उपेक्षा स्वीकार नहीं करेगा।पत्रकार वार्ता में कर्नल सुनील कोटनाला, उपाध्यक्ष कर्नल कैलाश देवरानी, सूबेदार मेजर महिपाल सिंह पुण्डीर, आ. कैप्टेन चन्द्र मोहन इंडिया, किशोर बहुगुणा, अमर सिंह बिष्ट, राजेन्द्र सिंह, विरेन्द्र सिंह बिष्ट, कुशाल सिंह गडिया, वीर सिंह पंवार, हीरा सिंह फर्स्वाण आदि मौजूद रहे।
