उत्तराखंड डेली न्यूज :ब्योरो
एयरपोर्ट प्रभावितों ने क्षेत्रीय विधायक, भूमि अधिग्रहण अधिकारियों और प्रशासन के साथ हुई बैठक और जमीन के बदले जमीन का आश्वासन मिलने के बाद 54 दिनों से चला आ रहा धरना प्रदर्शन समाप्त कर दिया है।देहरादून एयरपोर्ट के तीसरे अधिग्रहण में करीब 100 से अधिक लोग प्रभावित हो रहे हैं। इसमें करीब 62 परिवार टिहरी विस्थापित है, जो टिहरी बांध बनने के बाद 70 के दशक में जौलीग्रांट और अठूरवाला में बसे थे। इन परिवारों को 2006 में भी एयरपोर्ट के पहले विस्तारीकरण में विस्थापित किया गया था। क्षेत्रीय विधायक, भूमि अधिग्रहण अधिकारियों और प्रशासन के साथ हुई वार्ता के बाद आश्वासन मिलने पर प्रभावितों ने अपना धरना-प्रदर्शन समाप्त कर दिया है।संघर्ष समिति अध्यक्ष मंजीत सजवाण ने कहा कि संयुक्त बैठक में वार्ता के बाद क्षेत्रीय विधायक और अधिकारियों ने जमीन के बदले जमीन का आश्वासन दिया है। जल्द ही एयरपोर्ट प्रभावितों के लिए भूमि तलाशी जाएगी। विपुल सजवाण ने कहा कि एयरपोर्ट प्रभावित पहले ही दो बार विस्थापित हो चुके हैं। अब उन्हें तीसरी बार विस्थापन का दंश झेलना पड़ेगा। इसलिए उनकी मांगें जायज हैं। बैठक में अपर सचिव संजय सिंह टोलिया, भूमि अध्याप्ति अधिकारी स्मृता परमार, एसडीएम अर्पणा ढौंडियाल और संघर्ष समिति के पदाधिकारी आदि उपस्थित रहे।नौ परिवारों की जमीन को भी किया जाएगा अधिग्रहितक्षेत्रीय विधायक बृजभूषण गैरोला ने कहा कि अधिग्रहण के छूटे नौ परिवारों को भी उनकी मांग के अनुसार अधिग्रहित किया जाएगा। विस्थापित और गैर विस्थापित सभी परिवारों के लिए भूमि तलाशी जाएगी। मकान के बदले उचित मुआवजा दिया जाएगा।अधिकारियों के साथ एक संयुक्त बैठक का आयोजन किया गया है, जिसमें प्रभावितों की मांगों पर सहमति बनी है। जिसके बाद उन्होंने मौके पर जाकर धरना-प्रदर्शन समाप्त करवा दिया है। प्रभावितों के लिए डोईवाला विधान सभा क्षेत्र के अलावा ऋषिकेश आदि स्थानों पर जमीन देखी जाएगी। – बृजभूषण गैरोला, विधायक डोईवाला
