उत्तराखंड डेली न्यूज: ब्योरो
2027 के उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में नारी शक्ति फैक्टर पर भाजपा और कांग्रेस दोनों का जोर है। दोनों दलों पर महिलाओं को ज्यादा संख्या में टिकट देने का दबाव बढ़ गया है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ने तैयारी शुरू कर दी है।महिला आरक्षण पर सियासी संग्राम के बीच भाजपा और कांग्रेस पर 2027 के उत्तराखंड विधान सभा चुनावों में महिलाओं को ज्यादा संख्या में टिकट देने का दबाव बढ़ गया है। भाजपा ने महिलाओं के लिए मुफीद सीटों की पहचान करनी शुरू कर दी है। उधर, कांग्रेस भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की तैयारी कर रही है।राज्य विधानसभा में महिलाओं का प्रतिनिधित्व कम रहा है। इसकी मुख्य वजह भाजपा और कांग्रेस जैसे दलों की ओर से महिलाओं को कम टिकट देना है। लेकिन इस बार तस्वीर कुछ बदलती हुई दिख रही है। 33 फीसदी महिला आरक्षण 2029 से लागू करने से जुड़ा विधेयक भले ही संसद में पारित नहीं हो पाया है, लेकिन इसका असर उत्तराखंड के आगामी चुनाव पर पड़ने जा रहा है। महिला आरक्षण पर गरमाई सियासत के बीच भाजपा ने तैयारी शुरू कर दी है। वहीं, कांग्रेस भी 2027 के चुनाव से ही 33 फीसदी महिला आरक्षण लागू करने की पैरवी कर रही है।
