उत्तराखंड डेली न्यूज़: ब्योरो
उत्तराखंड शासन द्वारा उच्च शिक्षा विभाग के अन्तर्गत संचालित पांच राजकीय विश्वविद्यालयों में कार्यरत कर्मचारियों की समस्याओं के संबंध में शासन द्वारा गठित समिति द्वारा बैठक कर विस्तृत चर्चा की गई।सभी विश्वविद्यालयों से रिक्त पदों का ब्यौरा मांगने के साथ कॉमन सेवा नियमावली का बनाने हेतु प्रारूप तैयार करने का निर्णय लिया गया, साथ ही विश्वविद्यालयों में कार्यरत प्रयोगशाला सहायक व तकनीकी संवर्ग में वेतन विसंगति सहित समयबद्ध प्रशिक्षण पर विस्तृत विचार विमर्श किया गया। ज्ञात हो कि उत्तराखंड विश्वविद्यालय कर्मचारी महासंघ द्वारा लंबे समय से शासन को दिए गए 11 सूत्री मांग पत्र के निराकरण हेतु शासन द्वारा उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ० खेमराज भट्ट की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया है, जिसमें कुमाऊं विश्वविद्यालय, अल्मोड़ा विश्वविद्यालय, दून विश्वविद्यालय और श्री देव सुमन उत्तराखंड विश्वविद्यालय के कुलसचिवों के अतिरिक्त महासंघ के अध्यक्ष डॉ० लक्ष्मण रौतेला को समिति का सदस्य बनाया गया है। उक्त समस्या समिति द्वारा आज अपनी पहली बैठक का आयोजन ऑनलाइन माध्यम से किया गया। बैठक में महासंघ द्वारा राज्य विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों पर जल्द नियुक्ति की मांग के साथ विश्वविद्यालय में पदोन्नति प्रक्रिया के समयबद्ध निस्तारण, विश्वविद्यालयों में विभिन्न पदों की वेतन विसंगति, एक समान संरचना बनाने व सभी विश्वविद्यालयों के कार्मिकों हेतु कॉमन सेवन नियमावली बनाए जाने, 10, 16 व 26 वर्ष में एसीपी सहित समयबद्ध प्रशिक्षण की मांगों पर विस्तृत चर्चा हुई।बैठक में सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ देवेंद्र सिंह बिष्ट, श्री देव सुमन उत्तराखंड विश्वविद्यालय के कुलसचिव दिनेश चंद्र, कुमाऊं विश्वविद्यालय के सहायक कुलसचिव राकेश कुमार विश्वकर्मा, दून विश्वविद्यालय के कुलसचिव दुर्गेश डिमरी तथा उत्तराखंड विश्वविद्यालय कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष डॉ लक्ष्मण सिंह रौतेला के साथ संगठन महामंत्री विशेष आमंत्रित सदस्य के तौर पर शामिल हुए।
