उत्तराखंड डेली न्यूज :ब्योरो
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे ने 14 अप्रैल, 2026 को उद्घाटन के बाद से दोनों शहरों के बीच की यात्रा को बेहद सुगम बना दिया है. जहां पहले इस सफर में 6 घंटे से अधिक का समय लगता था, वहीं अब यह दूरी महज 2.5 घंटे में पूरी हो रही है. मगर, इस एक्सप्रेसवे की जमीनी हकीकत काफी चौंकाने वाली है. जगह-जगह से सड़क उखड़ने लगी है.उत्तर प्रदेश में एक के बाद एक एक्सप्रेसवे बन रहे हैं. कभी गंगा एक्सप्रेसवे तो कभी दिल्ली देहरादून… इनके निर्माण से लोगों को आने-जाने में बहुत ही सुविधा हो रही है. मगर, 2 माह बाद ही दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का हाल बेहाल होता दिख रहा है. दो महीने पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसका उद्घाटन किया था. उद्घाटन के बाद इस एक्सप्रेसवे पर 100 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड से वाहन दौड़ना शुरू हो गए. पर अब इस एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता पर सवाल उठने शुरू हो चुके हैं. तस्वीरें बयां कर रही हैं कि इस एक्सप्रेसवे की जमीनी हकीकत क्या है.दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर टूटे हुए हिस्से को दोबारा से सही किया जा रहा है, जिससे लोग सुरक्षित अपने गंतव्य तक पहुंच सके. हालांकि, अगर हम बात करें तो सहारनपुर क्षेत्र पर इस एक्सप्रेसवे का 73 किलोमीटर का हिस्सा है. यहीं पर ही 12 किलोमीटर का एलिवेटेड मार्ग बनाया गया है जो की जंगल और बिंदल नदी के बीच से होता हुआ देहरादून जा रहा है.
